नित्य प्रति शोध कार्य एवं प्रवचन व स्वाध्याय के लिये दो मन्जिला विशाल सरस्वती भवन है जिसमें चारों अनुयोग के सुसज्जित शास्त्र अलमारियों में सभी के उपयोग के लिये विराजमान हैं। प्रतिदिन युग पुरूष श्री कानजी स्वामी जी का टेप प्रवचन व मध्यान्ह समय का आध्यात्मिक प्रवचन यहाँ होता है।
स्नातकों एवं विद्यार्थियों को जैन दर्शन पर शोध कार्य की सुविधा प्रदान करने के लिए "सरस्वती भवन" का निर्माण किया गया है, जहां पर शोधकार्य के लिए जैन दर्शन का साहित्य रखा जा रहा है तथा उसमें कम्पूटर, सी.डी. कैसेट्स आदि की सुविधा भी प्रदान की गई है।